पटना:- आज राष्ट्रीय जनता दल, अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय महासचिव सह प्रवक्ता डाॅ0 सैयद मोहिब उल हसन ने संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि माननीय सर्वोच्च न्यायालय के स्पष्ट निर्देश के बाद भी चुनाव आयोग वोट चोरी कर बिहार में किसी भी तरह भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनवाना चाहती है। बिहार की जनता चुनाव आयोग से निम्नलिखित सवालों का जवाब चाहती है –
1. जब 01 सितम्बर, 2025 तक सिर्फ 16.93 लाख नए मतदाता के लिए चुनाव आयोग को आवेदन मिले और उसके बाद मतदाता का आवेदन अंतिम मतदाता सूची में शामिल नहीं हो सकता है तो 21.53 लाख नए नाम कहां से जुड़ गए?
2. 03 लाख 66 हजार मतदाताओं का नाम ड्राफ्ट सूची जारी होने के बाद कैसे कटा जबकि ड्राफ्ट सूची तैयार होने के पूर्व चुनाव आयोग ने विशेष गहन पुनरीक्षण कर 65 लाख मतदाताओं का नाम मतदाता सूची से हटा दिया। प्रारूप प्रकाशन के बाद किसी तरह का पुर्नरीक्षण नहीं हुआ। क्यों कटा?
3. क्या चुनाव आयोग जिन मतदाताओं का नाम मतदाता सूची से कटा है उसका कारण मतदाताओं को बताएगी? मतदाताओं को चुनाव आयोग स्पष्ट कारण बताए?
4. ड्राफ्ट सूची में जिन मतदाताओं को मृत घोषित किया गया था। चुनाव आयोग द्वारा उनकी संख्या 2234136 बताया गया। अंतिम प्रकाशन उपरांत मृत मतदाताओं की संख्या पुनः 2234136 ही बताया गया जबकि ड्राफ्ट सूची जारी होने के बाद कई मतदाताओं ने माननीय सर्वोच्च न्यायालय के समक्ष श-शरीर उपस्थित होकर अपने जीवित होने का प्रमाण दिया। कया जीवित मतदाताओं का नाम अंतिम प्रकाशित मतदाता सूची में शामिल किया गया?
5. क्या चुनाव आयोग घुसपैठियों की संख्या बता पाएगी?
6. जिन मतदाताओं का नाम चुनाव आयोग के द्वारा मतदाता सूची से हटा दिया है उन मतदाताओं को नियमानुसार दो अपील का अधिकार है। 15 दिनों के अन्दर जिला निर्वाची पदाधिकारी के पास एवं 30 दिनों के अन्दर बिहार के मुख्य निर्वाचन आयुक्त के पास। लेकिन ये प्रक्रिया कैसे संभव है, क्योंकि चुनाव की घोषणा तुरंत होने वाली है। ऐसी स्थिति में ये प्रक्रिया सिविल/स्वतः स्माप्त हो जाती है। चुनाव आयोग यह बताए जिन मतदाताओं का नाम मतदाता सूची में शामिल नहीं हो सका वह मतदान से और मतदाता सूची से भी वंचित हो जायेंगे। यह संविधान में प्रदत्त राईट फोर वोट के अधिकार का उल्लंघन है।
श्री हसन ने कहा कि चुनाव आयोग को मोदी पे्रम में संविधान की मार्यादा का भी ध्यान नहीं रहा। चुनाव आयोग सवालों का जवाब दें।
संवाददाता सम्मेलन में राष्ट्रीय सचिव जफर अहसन, सरदार रंजीत सिंह, सलमान अख्तर, फारूख आजाद सहित अन्य गणमान्य नेतागण उपस्थित