पटना:-जद (यू) राष्ट्रीय प्रवक्ता श्री राजीव रंजन प्रसाद ने मीडिया में जारी एक बयान में कहा कि बिहार ने बीते बीस वर्षों में विकास की एक लंबी और ऐतिहासिक यात्रा तय की है। अंधकार से प्रकाश की ओर बढ़ते हुए राज्य ने जहां बुनियादी ढांचे को दुरुस्त किया है, वहीं अब सरकार का फोकस निवेश बढ़ाने और युवाओं को रोजगार के व्यापक अवसर उपलब्ध कराने पर है।
माननीय मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार ने कहा है कि 2020 में सात निश्चय-2 के तहत 50 लाख युवाओं को सरकारी नौकरी एवं रोजगार देने का जो लक्ष्य रखा गया था, उसे सरकार ने पूरा कर लिया है। अब अगले पांच वर्षों में 1 करोड़ युवाओं को नौकरी और रोजगार देने का संकल्प हमारी प्राथमिकता है। मुख्यमंत्री द्वारा घोषित विशेष आर्थिक पैकेज केवल एक नीति नहीं, बल्कि बिहार के औद्योगिकीकरण और रोजगार सृजन का मजबूत संकल्प है। उन्होंने कहा है कि बिहार में नए उद्योग लगाने और रोजगार बढ़ाने के सभी अवरोधों को दूर किया जाएगा। पूंजी अनुदान, ब्याज में छूट और जीएसटी रियायतों को दोगुना करने के साथ-साथ सभी जिलों में उद्योगों की स्थापना हेतु भूमि उपलब्ध कराई जाएगी। इतना ही नहीं, जो उद्योग अधिक रोजगार देंगे, उन्हें निशुल्क भूमि दी जाएगी।
उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य स्पष्ट है, बिहार को उद्योग, कौशल और अवसर का केंद्र बनाना। बिहार में बेहतर कानून व्यवस्था और सुशासन ने भी इस विश्वास को मजबूत किया है। पुलिस की रिपोर्ट के अनुसार 2025 की पहली छमाही में अपराध दर में 18 प्रतिशत की गिरावट दर्ज हुई है। हत्या, डकैती और अपहरण जैसे गंभीर अपराधों में भी उल्लेखनीय कमी आई है। न्याय प्रणाली को तेज़ बनाने के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट की संख्या 210 तक बढ़ाई गई है, और 12 जिलों में साइबर अपराध नियंत्रण इकाइयों की स्थापना की गई है।
महिला सुरक्षा के क्षेत्र में भी उल्लेखनीय प्रगति हुई है। महिला हेल्पलाइन 181 पर प्रतिदिन औसतन 1,200 काॅल्स प्राप्त हो रही हैं, जिनमें से 92 प्रतिशत मामलों में त्वरित कार्रवाई की गई है। शक्ति ऐप के माध्यम से 3.5 लाख महिलाओं ने सुरक्षा सेवाओं का लाभ उठाया है। महिला थानों की संख्या 80 से बढ़ाकर 110 की गई है और 1.2 लाख छात्राओं को आत्मरक्षा प्रशिक्षण दिया गया है। सरकार का स्पष्ट संदेश है सशक्त नारी, सुरक्षित समाज।
मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार की सरकार ने जंगलराज से सुशासन तक की ऐतिहासिक यात्रा पूरी की है। अब ‘सुशासन का सार, आपके द्वार’ कार्यक्रम के माध्यम से सरकार जनता को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने और उन्हें जागरूक करने का कार्य कर रही है। यह केवल नारा नहीं है, बल्कि बिहार के सतत विकास और सुशासन का आधार है।