गोपालगंज से नमो नारायण मिश्रा :- जिला मुख्यालय से महज 10 किलोमीटर दूर माझा प्रखंड के नव सृजित प्राथमिक विद्यालय, कर्णपुरा सरकारी विद्यालय अपने आप एक नजीर पेश कर रहा है।
यहाँ स्कूल कैंपस में लगे फूल ,पौधे ,वाशबेसिन ,डस्टविन आकर्षक का केंद्र बना हुआ है।स्कूल की दीवारों पर महापुरुषों के तैलचित्र बनाया गया है जो बच्चो में प्रेरणा के साथ पढ़ाई के प्रति रुचि जगाने के लिए काफी है।
नव सृजित प्राथमिक विद्यालय कर्णपुरा में पहले कभी आम के बगीचे में पढ़ाई होती थी। उस समय केवल पांच छात्र पढ़ते थे।लेकिन आज इस विद्यालय में 04 सौ छात्र छात्राएं है। इस विद्यालय के नियोजित प्राचार्य लोकेश कुमार बताते है कि वर्ष 2006 मेंअपनी करोड़ो की दवा की मैन्यूफैक्चरिंग कंपनी को छोड़कर इस विद्यालय में नियोजित शिक्षक में बहाली हुई। उस समय यह कुछ नही था।केवल पांच बच्चों के साथ इस विद्यालय में पढ़ाने का सफर शुरू किये।और आज इस विद्यालय में 06 शिक्षक और 04 सौ बच्चे से ज्यादा बच्चे नियमित पढ़ाई करने आते है।
इस स्कूल के प्राचार्य लोकेश कुमार के मुताबिक ये सरकार से मिलने वाली समग्र राशि और अपनी सैलरी की अच्छी आमदनी इस विद्यालय को स्मार्ट बनाने लिए खर्च कर दिए है।आज इस विद्यालय में सभी शिक्षक बच्चे और रसोईया यूनिफार्म में विद्यालय आते है।यहाँ वाईफाई से लेकर सभी क्लास में और कैंपस में सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। हर कमरे में एलईडी टीवी लगाया गया है। ताकि बच्चों को स्मार्ट क्लासेस की तर्ज पर उन्हें एक बेहतर माहौल में अच्छी पढ़ाई दिया जा सके।इसके साथ ही क्लास रूम में बच्चों को बैठने के लिए कारपेट बच्चों को हाथ धोने के वाश बेसिन, यूरिनल शीट के साथ छत्राओं के लिए अलग टॉयलेट बनाया गया है।
इस विद्यालय कैंपस को फलदार पौधे और फूलों के पौधों से सजाया गया है।जो यह विद्यालय बेहतरीन मैनेजमेंट के साथ आकर्षक का केंद्र बना हुआ है।
इस सरकारी विद्यालय में फूल पौधे और महापुरुषों के तैलचित्र आकर्षक का केंद्र